ペテロの手紙Ⅰ 5 – JCB & HCV

Japanese Contemporary Bible

ペテロの手紙Ⅰ 5:1-14

5

悪魔の攻撃に備えなさい

1そこで教会の長老(指導者)たちに、私も同じ長老の職にある者として、ひとこと言っておきます。私は、キリストの十字架上の死の目撃者として、また、再び来られるキリストの栄光を共に受ける者として、ぜひとも次のことをお願いしたいのです。 2神の羊の群れ(教会)を養いなさい。いやいやながらではなく、喜んで、その務めに当たりなさい。利益を求める気持ちからでなく、熱心に、喜んで、羊の群れを飼いなさい。 3支配的にふるまわず、良い模範を示して、彼らを指導するよう心がけなさい。 4そうすれば、偉大な羊飼いであるキリストがおいでになる時、朽ちない栄光の冠を受けるのです。

5青年たちにも言います。長老たちの指導に従いなさい。みな、謙遜になって互いに仕え合うべきです。神は、高慢な者には敵対し、謙遜な者には恵みを与えられるからです。

6あなたがたは、神の力強い御手の下で自分を低くしていなさい。ちょうどよい時に、神はあなたがたを高く引き上げてくださるでしょう。 7思いわずらいを、すべて神にゆだねなさい。神があなたがたのことを心配してくださるからです。

8最大の敵である悪魔の攻撃に備えて、警戒しなさい。悪魔は、飢えてほえたけるライオンのように、引き裂くべき獲物を求めてうろつき回っているのです。 9信仰に堅く立って、悪魔の攻撃に立ち向かいなさい。ご存じのように、あらゆる地域のクリスチャンたちが、同じ苦しみを通っているのです。

10キリストにあって、あふれるほど恵みを注いでくださる神は、しばらくの苦しみのあとで、あなたがたに永遠の栄光を与えてくださいます。神ご自身があなたがたを力づけ、しっかり立たせ、強めてくださいます。 11どうか、神のご支配が永遠にありますように。アーメン。

12この手紙を筆記してくれたのは、忠実な信仰の友シルワノです。私は、この手紙があなたがたを力づけるよう期待しています。なぜならここに、どうすれば神の恵みをいただけるかを記したからです。この手紙が、あなたがたを神の愛のうちにしっかりと立たせるのに役立つと信じます。

13ローマにある教会が、よろしくと言っています。わが子マルコも、よろしくとのことです。 14互いに、愛に満ちたあいさつを交わしなさい。

キリストを信じる皆さんに、平安がありますように。

ペテロ

Hindi Contemporary Version

1 पेतरॉस 5:1-14

प्राचीनों और झुंड के लिए

1इसलिये मैं, एक सह प्राचीन होकर, जो मसीह येशु के दुःखों का प्रत्यक्ष गवाह तथा उस महिमा का सहभागी हूं, जो भविष्य में प्रकट होने पर है, तुम्हारे पुरनियों से विनती कर रहा हूं 2कि वे परमेश्वर की इच्छा में परमेश्वर के झुंड की देखरेख करें—दबाव में नहीं परंतु अपनी इच्छा के अनुसार; अनुचित लाभ की दृष्टि से नहीं परंतु शुद्ध सेवाभाव में, 3अपने झुंड पर प्रभुता दिखाकर नहीं परंतु उनके लिए एक आदर्श बनकर; 4क्योंकि प्रधान चरवाहे के प्रकट होने पर तुम महिमा का अविनाशी मुकुट प्राप्‍त करोगे.

5इसी प्रकार युवाओ, तुम प्राचीनों के अधीन रहो तथा तुम सभी एक दूसरे के प्रति दीनता की भावना धारण करो क्योंकि,

“परमेश्वर घमंडियों के विरुद्ध रहते

और दीनों को अनुग्रह देते हैं.”5:5 सूक्ति 3:34

6इसलिये परमेश्वर के सामर्थ्यी हाथों के नीचे स्वयं को दीन बनाए रखो कि वह तुम्हें सही समय पर बढ़ाएं. 7अपनी सारी चिंता का बोझ परमेश्वर पर डाल दो क्योंकि वह तुम्हारा ध्यान रखते हैं.

8धीरज रखो, सावधान रहो. तुम्हारा विरोधी शैतान गरजते हुए सिंह जैसे इस खोज में फिरता रहता है कि किसको फाड़ खाए. 9विश्वास में स्थिर रहकर उसका सामना करो क्योंकि तुम जानते हो कि इस संसार में साथी विश्वासी इसी प्रकार दुःख-भोग रहे हैं.

10जब तुम थोड़े समय के लिए दुःख-भोग चुके होगे तब सारे अनुग्रह के परमेश्वर, जिन्होंने तुम्हें मसीह में अपनी अनंत काल की महिमा में आमंत्रित किया है, स्वयं तुम्हें सिद्ध, स्थिर, मजबूत तथा प्रतिष्ठित करेंगे. 11उनका अधिकार सदा-सर्वदा हो, आमेन.

समापन संदेश तथा आशीर्वचन

12सिलवानॉस की सहायता से, जिसे मैं एक विश्वासयोग्य भाई मानता हूं, मैंने तुम्हें प्रोत्साहित तथा आश्वस्त करते हुए संक्षेप में लिखा है कि यही परमेश्वर का वास्तविक अनुग्रह है. तुम इसी में स्थिर रहो.

13तुम्हें उसकी शुभकामनाएं, जो बाबेल में है, जिसे तुम्हारे ही साथ चुनकर अलग किया गया है और उसी प्रकार मेरे पुत्र मार्कास की भी.

14प्रेम के चुंबन के द्वारा एक दूसरे को नमस्कार करो.

तुम सभी को, जो मसीह में हैं, शांति!