Забур 137 CARS - स्तोत्र 137 HCV

Священное Писание

Забур 137:1-8

Песнь 137

Песнь Давуда.

1Буду славить Тебя всем своим сердцем;

перед богами137:1 Боги – слово, стоящее здесь на языке оригинала, имеет более широкое значение и в данном случае обозначает либо ангелов, либо земных правителей, судей или священнослужителей, либо языческих богов. воспою хвалу Тебе.

2Поклонюсь пред святым храмом Твоим

и буду славить имя Твоё

за Твою милость и верность,

потому что Ты обещал мне больше,

чем я мог ожидать137:2 Букв.: «Ты превознёс Твоё слово превыше всякого Твоего имени»..

3В день, когда я воззвал, Ты ответил мне,

ободрил и укрепил мою душу.

4Вечный, все земные цари будут славить Тебя,

когда услышат слова из уст Твоих.

5Они воспоют пути Вечного,

потому что велика слава Вечного.

6Высок Вечный, но заботится о смиренном

и высокомерного узнаёт издали.

7Даже если пойду я среди несчастья,

Ты оживишь меня,

защитишь от ярости моих врагов,

и спасёт меня Твоя правая рука.

8Вечный свершит то, что задумал для меня.

Твоя милость, Вечный, навеки:

не оставляй творения Твоих рук!

Hindi Contemporary Version

स्तोत्र 137:1-9

स्तोत्र 137

1बाबेल की नदी के तट पर बैठे हुए

ज़ियोन का स्मरण कर हम रो रहे थे.

2वहां मजनू वृक्षों पर हमने

अपने वाद्य टांग दिए थे.

3क्योंकि जिन्होंने हमें बंदी बनाया था,

वे हमारा गायन सुनना चाह रहे थे और जो हमें दुःख दे रहे थे;

वे हमसे हर्षगान सुनने की चाह कर रहे थे, “हमें ज़ियोन का कोई गीत सुनाओ!”

4प्रवास में हमारे लिए

याहवेह का स्तवन गान गाना कैसे संभव हो सकता था?

5येरूशलेम, यदि मैं तुम्हें भूल जाऊं,

तो मेरे दायें हाथ का कौशल जाता रहेगा.

6यदि मैं तुम्हारा स्मरण न करूं,

यदि मैं येरूशलेम को अपने आनंद से श्रेष्ठतर न मानूं,

मेरी जीभ तालू से जा चिपके.

7याहवेह, वह दिन स्मरण कीजिए जब एदोम के वंशज

येरूशलेम के विरुद्ध एकत्र हो गए थे.

वे कैसे चिल्ला रहे थे, “ढाह दो इसे,

इसे नींव तक ढाह दो!”

8बाबेल की पुत्री, तेरा विनाश तो निश्चित है,

धन्य होगा वह पुरुष, जो तुझसे उन अत्याचारों का प्रतिशोध लेगा

जो तूने हम पर किए.

9धन्य होगा वह पुरुष,

जो तेरे शिशुओं को उठाकर चट्टान पर पटक देगा.